- Bilawal Vs Khawaja Asif: पाकिस्तान की गठबंधन सरकार में दरार खुलकर सामने आ गई है
- PPP प्रमुख बिलावल भुट्टो ने रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के PoK पर दिए विवादित बयान को लेकर प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को मंत्रियों पर नियंत्रण रखने की सलाह दी
- कश्मीर नीति, स्थानीय निकाय चुनाव और गठबंधन राजनीति को लेकर पाकिस्तान में नया राजनीतिक संकट गहराता दिख…
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पाकिस्तान की गठबंधन सरकार में एक बार फिर खुली ठन गई है। पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के अध्यक्ष और पूर्व विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने सोमवार को रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ पर तीखा हमला बोलते हुए प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से अपील की कि वे अपने मंत्रियों को ‘हद में रखें’। यह विवाद पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) को लेकर आसिफ के एक विवादास्पद बयान के बाद भड़का है।
रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने हाल ही में एक बयान में कहा था कि पीओके में स्थानीय निकाय चुनावों को लेकर जो मांगें उठ रही हैं, वे ‘अलगाववादी’ प्रवृत्ति की ओर इशारा करती हैं। इसके अलावा, उन्होंने कश्मीर नीति पर पीपीपी के रुख पर भी सवाल उठाए। बिलावल भुट्टो ने इस बयान को तुरंत खारिज करते हुए कहा कि यह पार्टी की आधिकारिक नीति के विपरीत है और इससे गठबंधन की एकता को खतरा पैदा हो सकता है।
बिलावल ने एक वीडियो बयान में कहा, “यह पहली बार नहीं है जब रक्षा मंत्री ने पार्टी लाइन से हटकर बयान दिया है। मैं प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से विनम्र अनुरोध करता हूं कि वे अपने मंत्रियों को हद में रखें। कश्मीर का मुद्दा कोई व्यक्तिगत राय का विषय नहीं है, यह पाकिस्तान की विदेश नीति की रीढ़ है।”
स्रोत: hindi.oneindia.com































