- तेलंगाना सरकार के हैदराबाद की यूएस कॉन्सुलेट रोड का नाम बदलकर 'डोनाल्ड ट्रंप एवेन्यू' करने के फैसले पर वाम दलों ने नाराज़गी जताई है
- उनका कहना है कि आमतौर पर सड़कों के नाम महान लोगों या प्रेरणा देने वालों के नाम पर रखे जाते थे, मगर ईरान में भारी तबाही मचाने के बाद ट्रंप इस श्रेणी में कैसे फिट बैठते…
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तेलंगाना सरकार द्वारा हैदराबाद में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के पास स्थित सड़क का नाम बदलकर ‘डोनाल्ड ट्रंप एवेन्यू’ रखने के फैसले पर वाम दलों ने कड़ी आपत्ति जताई है। वामपंथी नेताओं ने इसे दुनिया भर में संघर्ष भड़काने वाले एक विवादास्पद नेता का महिमामंडन बताया है। उनका कहना है कि यह कदम भारतीय परंपराओं और मूल्यों के विपरीत है, जहां सड़कों और सार्वजनिक स्थलों के नाम आमतौर पर महान विचारकों, स्वतंत्रता सेनानियों या समाज के प्रेरणास्रोत व्यक्तियों के नाम पर रखे जाते हैं।
वाम दलों ने विशेष रूप से ईरान में अमेरिकी हमले और मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव का हवाला देते हुए सवाल उठाया है कि क्या डोनाल्ड ट्रंप वास्तव में इस सम्मान के हकदार हैं। उनके अनुसार, ट्रंप के कार्यकाल में अमेरिका ने कई देशों के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप किया और वैश्विक शांति को चुनौती दी। वामपंथी नेताओं ने तेलंगाना सरकार से इस फैसले पर पुनर्विचार करने और इस तरह के कदमों से बचने की अपील की है, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की तटस्थ और शांतिप्रिय छवि को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि तेलंगाना सरकार ने इस सड़क का नामकरण करते समय अमेरिकी राष्ट्रपति के रूप में ट्रंप के कार्यकाल में भारत-अमेरिका संबंधों में आई
स्रोत: thewirehindi.com































